वरोरा में बड़े पैमाने पर रेत तस्करी, जाल बिछाकर पुलिस ने अपराधियों को किया गिरफ्तार..

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वरोरा में बड़े पैमाने पर रेत तस्करी, जाल बिछाकर पुलिस ने अपराधियों को किया गिरफ्तार..

 

चंद्रपुर/महाराष्ट्र 
दि. 26 अप्रेल 2024
रिपोर्ट : रमाकांत यादव, ग्लोबल महाराष्ट्र न्यूज नेटवर्क 

 

पुरी खबर :- चंद्रपुर जिले के वरोरा तहसील से बहने वाली वर्धा नदी के तूराना और करंजी घाटों से अवैध रूप से रेत का खनन करने वाले दस रेत तस्करों को आज शुक्रवार दि. 26 अप्रैल की सुबह पुलिस ने गिरफ्तार किया है. सहायक पुलिस अधीक्षक और उपविभागीय पुलिस अधिकारी नयोमी साटम की खुफिया जानकारी पर कार्रवाई करते हुए, उन्होंने वरोरा पुलिस की एक टीम के साथ आज दि
26 अप्रैल शुक्रवार को सुबह 9 बजे वर्धा नदी के करंजी और तुराना घाटों पर छापा मार कार्यवाही की गई है. जिसमे ट्रॉलियों से जुड़े 5 ट्रैक्टरों को जब्त किया गया. जो अवैध गौण खनिज रेत के अवैध खनन में शामिल थे, घटना के दौरान ट्रैक्टर मालिकों और ड्राइवरों द्वारा एक दूसरे के साथ संवाद करने के लिए इस्तेमाल किए गए वाहन और 3 मोबाइल फोन सहित कुल 35 लाख, 38 हजार रुपये का मुद्दे माल जप्त किया है.

 

इस पुरी कार्यवाही में ट्रैक्टर चालक और मालक- नितेश वामन पिंगे, मुकेश चांदेकर, विजय आनंदराव मारेकर, राजा थैम, विकास जानकीराम पंधारे, आसिफ थैम, भालचंद्र महादेव पिंपलशेंडे, राजू गंधारे, संजय मारोती खांडेकर और विक्की गंधारे ऐसे कुल दस अपराधियों की गिरफ्तारी हुई हैं। जिनके ऊपर आयपीसी की धारा 379, और 34 तथा महाराष्ट्र राजस्व अधिनियम की धारा 48 के तहत अपराध दर्ज किया गया है। जानकारी के अनुसार यहां के रेत घाटों की निलामी नहीं की गई है. फिर भी प्रसासन के कुछ विभीषणो के चलते इन रेत तस्करों का मनोबल सातवें आसमान पर है. माननीय पुलिस अधीक्षक मुमक्का सुदर्शन ने जब से चंद्रपुर जिले की कमान संभाली है, तब से अब‌तक पुलिस महकमा‌ एक्शन मोड में है. आला अधिकारियों से लेकर कर्मचारियों तक जिले में चल रहें अवैध कारोबार पर पैनी नजर रखे हुए है. जिससे‌ आज जिले की जनाता का विश्वास कानुन व्यवस्था पर बढ़ता जा रहा है.

 

 

यह कार्यवाही 

सपोनी विनोद जांभूले, किशोर बोठे, दीपक मोडक, विशाल राजुरकर, विठ्ठल काकड़े और नितिन तुराले पुलिस कर्मियों ने उक्त कार्यवाही के लिए बहुमूल्य योगदान दिया।

 


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  • वही दुसरी ओर जिला खनिकर्म और वरोरा के तहसीलदार की भुमिका पर जनता संदेश कर रही है. चर्चा है की वरोरा के तहसीलदार कोटकर ने वरोरा तहसील का कार्यभार संभाल है, तब से वरोरा में अवैध गौण खनिज की तस्करी बढि है. और अवैध गौण खनिज माफियाओ का मनोबल सातवें आसमान में पहुंच चुका है. ऐसा ही मामला अवैध गौण खनिज का फत्तापुर में देखा गया है.?  जिसकी शिकायत करने के बाद भी तहसीलदार कोटकर शिकायत कर्ता से उल्टा सबुत मांगकर आश्चर्य चकित कर रहे है? और शिकायत को फाईलों में दफन कर, इसका प्रमान भी दे रहे हैं?